General cong has good chance of forming govt with allies chidambaram
आखिरी चरण के मतदान के पहले कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाने के लिए कांग्रेस ने फिर से सरकार बनाने का भरोसा जताया है। वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने गुरुवार को कहा कि कांग्रेस के पास सहयोगियों के साथ मिलकर अपने नेतृत्व में सरकार बनाने का बहुत अच्छा मौका है। भावी संप्रग-3 सरकार में वित्त मंत्री बनने के सवाल पर उन्होंने कहा, 'जब मैं एक सांसद ही नहीं तो वित्त मंत्री कैसे बनूंगा। चुनाव परिणाम आते ही सरकारी बंगला खाली कर दूंगा।' चिदंबरम इस बार चुनाव नहीं लड़ रहे हैं। तमिलनाडु के शिवगंगा संसदीय क्षेत्र से उनकी जगह उनके पुत्र कार्ति कांग्रेस टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं।
चिदंबरम कांग्रेस मुख्यालय पर पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। बातचीत के दौरान उन्होंने संकेत दिया कि लोकसभा की सीटें कम होने पर भी कांग्रेस विपक्ष में बैठने की बजाय सरकार बनाने की कोशिश करेगी। चिदंबरम के अनुसार, 'इस बार की राजनीतिक परिस्थितियां 1989 से काफी अलग हैं। उस समय 190 के करीब सीटें जीतने के बाद भी राजीव गांधी ने विपक्ष में बैठने का फैसला किया था।' बकौल वित्त मंत्री, 'जो कोई भी दल सरकार बनाने की स्थिति में हो, उसे आगे आकर अपनी जिम्मेदारियों का निर्वाह करना चाहिए। आप अपनी जिम्मेदारियों से भाग नहीं सकते हैं। यह देश हर तीन महीने पर चुनाव का बोझ नहीं उठा सकता है।' चिदंबरम ने कहा, 'अगर कांग्रेस सरकार बनाने की स्थिति में होगी तो वह इसके लिए जरूर कोशिश करेगी। मेरा विश्वास है कि कांग्रेस सरकार बनाने की कोशिश जरूर करेगी।' उनसे जब पूछा गया कि चुनावों में कांग्रेस लोकसभा की कितनी सीटों पर जीत हासिल करेगी तो चिदंबरम का जवाब था, 'मैं चुनाव परिणामों को लेकर कोई भविष्यवाणी नहीं करता। हर पार्टी जीत हासिल करने और सरकार बनाने के भरोसे के साथ चुनाव मैदान में उतरती है। मेरा भी विश्वास है कि कांग्रेस विजयी होगी और सरकार गठित करेगी।' भाजपा के 'अच्छे दिन आने वाले हैं..' गाने पर चिदंबरम ने चुटकी लेते हुए कहा, 'कांग्रेस के नेतृत्व में सरकार गठन के साथ ही अच्छे दिन आने वाले हैं।' वित्त मंत्री का बयान ऐसे समय आया जब कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने नए सहयोगियों को लेकर वृहत्तर संप्रग-3 के गठन की अवधारणा पर बहस छेड़ा है।
चिदंबरम कांग्रेस मुख्यालय पर पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। बातचीत के दौरान उन्होंने संकेत दिया कि लोकसभा की सीटें कम होने पर भी कांग्रेस विपक्ष में बैठने की बजाय सरकार बनाने की कोशिश करेगी। चिदंबरम के अनुसार, 'इस बार की राजनीतिक परिस्थितियां 1989 से काफी अलग हैं। उस समय 190 के करीब सीटें जीतने के बाद भी राजीव गांधी ने विपक्ष में बैठने का फैसला किया था।' बकौल वित्त मंत्री, 'जो कोई भी दल सरकार बनाने की स्थिति में हो, उसे आगे आकर अपनी जिम्मेदारियों का निर्वाह करना चाहिए। आप अपनी जिम्मेदारियों से भाग नहीं सकते हैं। यह देश हर तीन महीने पर चुनाव का बोझ नहीं उठा सकता है।' चिदंबरम ने कहा, 'अगर कांग्रेस सरकार बनाने की स्थिति में होगी तो वह इसके लिए जरूर कोशिश करेगी। मेरा विश्वास है कि कांग्रेस सरकार बनाने की कोशिश जरूर करेगी।' उनसे जब पूछा गया कि चुनावों में कांग्रेस लोकसभा की कितनी सीटों पर जीत हासिल करेगी तो चिदंबरम का जवाब था, 'मैं चुनाव परिणामों को लेकर कोई भविष्यवाणी नहीं करता। हर पार्टी जीत हासिल करने और सरकार बनाने के भरोसे के साथ चुनाव मैदान में उतरती है। मेरा भी विश्वास है कि कांग्रेस विजयी होगी और सरकार गठित करेगी।' भाजपा के 'अच्छे दिन आने वाले हैं..' गाने पर चिदंबरम ने चुटकी लेते हुए कहा, 'कांग्रेस के नेतृत्व में सरकार गठन के साथ ही अच्छे दिन आने वाले हैं।' वित्त मंत्री का बयान ऐसे समय आया जब कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने नए सहयोगियों को लेकर वृहत्तर संप्रग-3 के गठन की अवधारणा पर बहस छेड़ा है।
Source: Lok Sabha Elections 2014
Labels: Lok Sabha Elections 2014


0 Comments:
Post a Comment
Subscribe to Post Comments [Atom]
<< Home